दिल्ली के थोक बाजारों में लागू होगा Odd-Even, सब्जी मंडियों के लिए स्पेशल टास्क फोर्स गठित

201

Coronavirus दिल्ली सरकार ने कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए थोक बाजारों में ऑड-ईवन नियम लागू करने का फैसला किया है।

दिल्ली न्यूज़ 24 रिपोर्टर। दिल्ली में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामले को देखते हुए केजरीवाल सरकार ने सब्जी मंडियों में शारीरिक दूरी सुनिश्चित करने के लिए चार स्पेशल टास्क फोर्स गठित करने का फैसला किया है। इसके अलावा सब्जी मंडियों में ऑड-ईवन नियम लागू किए जाएंगे। इसकी जानकारी देते हुए दिल्ली के कैबिनेट मंत्री गोपाल राय ने बताया कि अलग-अलग समय पर फल और सब्जियां बेची जाएंगी।

पीटीआइ से बात करते हुए गोपाल राय ने कहा कि सरकार ने मंडियों में सब्जियों और फलों की बिक्री के लिए समय भी कम करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि दिल्ली के सभी थोक बाजारों में सुबह 6 से 11 बजे तक सब्जियां बेचेगी जाएंगी। जबकि दोपहर 2 से शाम 6 बजे तक फल बेचे जाएंगे। यह फैसला एक उच्च स्तरीय बैठक में लिया गया।

ऑड-इवन नियम के अनुसार, जहां पर सैकड़ों व्यापारी सब्जी बेचते हैं, उन्हें उनकी संख्या के अनुसार काम करने की अनुमति दी जाएगी। ऑड-इवेन नियम व्यापारियों के शेड नंबर के आधार पर उनकी शारीरिक दूरी को ध्यान में रखते हुए लागू किया जाएगा। समाचार एजेंसी एएनआइ के अनुसार, आजादपुर मंडी में सोमवार से यह नियम लागू भी कर दिया गया।

बता दें कि राष्ट्रीय राजधानी में पांच प्रमुख थोक सब्जी और फल बाज़ार हैं, जिनमें आज़ादपुर मंडी, गाजीपुर मंडी और ओखला मंडी शामिल हैं। इसके अलावा, वहां दो थोक अनाज मंडियों (गेहूं बाजार) नजफगढ़ और नरेला है।

एक आढ़ती के लिए एक ही गाड़ी के प्रवेश की अनुमति

इससे पहले बाहरी दिल्ली में जिला प्रशासन ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए एक आढ़ती के लिए एक ही गाड़ी के प्रवेश की अनुमति दी थी। कोरोना के संक्रमण को रोकने के मकसद आजादपुर मंडी में शारीरिक दूरी व भीड़ को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन की ओर से कई एहतियातन कदम उठाए गए हैं। इनमें जहां सब्जी व फलों की बिक्री को लेकर अलग-अलग समय निर्धारित किए गए हैं तो मंडी प्रशासन की ओर से यह फरमान भी जारी किया गया है कि एक आढ़ती के लिए एक ही गाड़ी को मंडी में आने की इजाजत दी जाएगी। लेकिन इस फरमान के चलते आढ़ती सब्जियों की आवक पर असर पड़ने की आशंका जता रहे हैं।

आढ़तियों का कहना है कि सामान्य तौर पर एक आढ़ती के पास रोजाना छोटी बड़ी मिलाकर चार से पांच गाड़ियां आती हैं। लेकिन अब मात्र एक ही गाड़ी आएगी तो इससे सब्जियों की आवक में कमी आएगी। आजदपुर मंडी के आलू प्याज मर्चेट एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेंद्र शर्मा नेबताया कि नये फरमान से मंडी में औसतन पांच से सौ गाड़ियां ही आ पाएंगी,जबकि सामान्य दिनों में एक हजार से 15 सौ गाडियां फल व सब्जियां आदि लेकर पहुंचती हैं। इनमें 170 से 190 गाड़ियां आलू प्याज की होती हैं। लेकिन मंडी प्रशासन के इस फरमान के बाद आलू प्याज मौजूदा आवक के मुकाबले घटकर 50 फीसद रह जाएगी। ऐसा अन्य सब्जियों के साथ भी होगा।

इससे मंडी में मांग के अनुरूप आपूर्ति नहीं होने से कीमतों में तेजी आ सकती हैं। उन्होने बताया कि यह फरमान सोमवार से लागू कर दिया गया है। यही कारण रहा है कि शनिवार को मंडी में किसान सब्जियों की गाड़ियों को लेकर नहीं के बराबर पहुंचे। ऐसे में रविवार को इसका असर कारोबार पर देखा गया। उन्होंने कहा कि कोरोना को रोकना जरूरी है, लेकिन मंडी प्रशसन को यह व्यवस्था भी बनानी चाहिए कि लोगों तक फल व सब्जियां आसानी व उचित मूल्य पर पहुंच सके।

Get real time updates directly on you device, subscribe now.