ओडिशा ट्रेन हादसा: कांग्रेस ने मांगा रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का इस्तीफा, दिलायी पुराने दिनों की याद

6

Odisha train Accident Updates : बालासोर में कोरोमंडल एक्सप्रेस और बेंगलुरु-हावड़ा एक्सप्रेस ट्रेन के पटरी से उतरने और एक मालगाड़ी से टकराने से जुड़े तिहरे रेल हादसे में मृतकों की संख्या बढ़ कर 288 हो गयी है. इस बीच रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि ओडिशा के बालासोर जिले में ट्रेन हादसे की असल वजह की पहचान कर ली गयी है और हादसे से प्रभावित हुई पटरियों की सामान्य सेवाओं के लिए बुधवार तक मरम्मत कर दी जाएगी. मामले पर कांग्रेस ने प्रतिक्रिया दी है और रेल मंत्री के इस्तीफे की मांग की है.

रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा कि इस्तीफा देने का मतलब है नैतिक जिम्मेदारी लेना. इस सरकार में न जिम्मेदारी दिखती है, न नैतिकता. प्रधानमंत्री जी, ये देश उम्मीद करता है कि जिस तरह लाल बहदुर शास्त्री जी, नीतीश कुमार जी, माधव राव सिंधिया जी ने इस्तीफा दिया था… उस तरह आप भी अपने रेल मंत्री का इस्तीफा लें.

10-15 चमकती ट्रेन दिखाकर आप पूरा ढांचा खोखला कर देंगे

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा कि CAG की रिपोर्ट बताती है कि 2017 से 2021 के बीच ट्रेन के पटरी से उतरने की 1,127 घटनाएं हुई हैं. मोदी सरकार में ट्रैक की मरम्मत/नवीनीकरण का बजट हर साल कम होता जा रहा है. यही नहीं… जो बजट है उसका इस्तेमाल नहीं हो रहा है. हम हाई-स्पीड ट्रेन के खिलाफ नहीं हैं लेकिन 10-15 चमकती ट्रेन दिखाकर आप पूरा ढांचा खोखला कर देंगे, ये मंजूर नहीं है. आपको बता दें कि बालासोर में कोरोमंडल एक्सप्रेस और बेंगलुरु-हावड़ा एक्सप्रेस ट्रेन के पटरी से उतरने और एक मालगाड़ी से टकराने से जुड़े तिहरे रेल हादसे से देश में शोक की लहर दौड़ पड़ी. हादसे में 288 लोगों की मौत हुई है जबकि 1100 से अधिक यात्री घायल हैं, जिनमें से 56 की हालत गंभीर है.

दुर्घटना की जांच पूरी

इधर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा है कि हादसे की वजह ‘प्वाइंट मशीन’ और ‘इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग’ प्रणाली से संबंधित है. उन्होंने इस घटना का ‘कवच’ प्रणाली से कोई संबंध होने से इनकार किया. रेलवे अपने नेटवर्क में ‘कवच’ प्रणाली उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में है, ताकि रेलगाड़ियों के आपस में टकराने से होने वाले हादसों को रोका जा सके. रेल मंत्री ने कहा कि दुर्घटना की जांच पूरी कर ली गयी है और रेलवे सुरक्षा आयुक्त (सीआरएस) जैसे ही अपनी रिपोर्ट देंगे तो सभी जानकारियां पता चलेंगी.

Source link

Get real time updates directly on you device, subscribe now.