राजधानी के प्रमुख बाजारों में लगे हैं कूड़े के ढेर, व्यापारी वर्ग परेशान

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दिल्ली के बाजारों की मुसीबत कम होने का नाम नहीं ले रही है। पहले दंगा, लाकडाउन, कोरोना और किसान आंदोलन के बाद अब कूड़े ने परेशानी बढ़ाई हुई है। राष्ट्रीय राजधानी के प्रमुख चांदनी चौक, सदर बाजार, करोलबाग, पहाड़गंज व कश्मीरी गेट के साथ ही अन्य बाजारों में कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। इस कारण बाजारों का कारोबार प्रभावित हो रहा है। ग्राहक बाजारों में आने से कतराने लगे हैं।

वहीं, बदबू और गंदगी से व्यापारियों के साथ ही कर्मचारियों और मजदूरों को बीमार पड़ने को लेकर खासे चिंतित नजर आ रहे हैं। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल मंगलवार को 13वें दिन में पहुंच गया है। अभी भी बकाया वेतन की मांग को लेकर उत्तरी नगर निगम और सफाई कर्मचारियों में टकराहट बनी हुई है। ऐसे में उम्मीद कम ही है कि जल्द ही इसका हल निकले। उल्टे बाजारों की हालात और नारकीय होने का अंदेशा जताया जा रहा है।


संजय भार्गव, अध्यक्ष, चांदनी चौक सर्व व्यापार मंडल का कहना है कि सफाई न होने से चांदनी चौक का बुरा हाल है। यहां घूमने के साथ खरीदारी करने लोग आते हैं। ऐसे में उन्हें फुटपाथ और सड़कों पर इकट्ठे कूड़े के ढेर के बीच से गुजरना पड़ रहा है। नगर निगम के सफाई कर्मचारी हड़ताल पर है तो हम लोगों के अनुरोध पर लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने रविवार को 20 ट्रक तथा सोमवार को 44 ट्रक कूड़ा यहां से निकाला है। इसके साथ ही मुख्य मार्ग की धुलाई की है। पर दिक्कत यह कि अंदर गलियों से भी कूड़ा मुख्य मार्ग पर फेंका जा रहा है।


राकेश यादव, अध्यक्ष, फेडरेशन आफ सदर बाजार ट्रेडर्स एसोसिएशन का कहना है कि मौजूदा समय में कोरोना महामारी फैली हुई है। ऐसे में सफाई व्यवस्था दुरुस्त रहनी चाहिए। पर यहां की हालात खराब है। पूरे सदर बाजार की हर सड़क और गलियों में कूड़े की ढेर लगी है। 10 दिनों से पड़े कूड़े के ढेर से बदबू आ रही है।

इस कारण दुकानों पर बैठना मुश्किल हो गया है। इस कारण कारोबार भी प्रभावित हो रहा है। ग्राहकों की संख्या घट गई है। हम सफाई कर्मचारियों से सफाई का आग्रह कर रहे हैं। पर वे बकाया वेतन की दलील देकर अपनी विवशता गिना रहे हैं।


संदीप खंडेलवाल, महासचिव, दिल्ली होटल एडं रेस्तरां आनर्स एसोसिएशन का कहना है कि अब्दुल अजीज रोड, हरध्यान ¨सह रोड में कूड़े का ढेर लगा हुआ है। इसके साथ ही पूरे करोलबाग और पहाड़गंज का यहीं हाल है। दोनों स्थानों पर सैकड़ों की संख्या में होटल व गेस्ट हाउस है जहां देशभर से पर्यटक आकर ठहरते हैं। यह खराब स्थिति है कि झाड़ू लगना तो छोडि़ए, सड़क और फुटपाथों पर पड़ा कूड़ा ही नहीं उठ रहा है।


कई डलाव घर का कूड़ा पूरी सड़क पर फैल गया है। इस मामले को दिल्ली सरकार और दिल्ली नगर निगम को गंभीरता से लेते हुए समस्या का स्थायी समाधान निकालने का प्रयास करना चाहिए। मामले में प्रधानमंत्री कार्यालय के हस्तक्षेप की भी आवश्यकता है।